Facebook Page
Recent Posts
Categories
- Biography (12)
- HariNath Jha (7)
- MAithli Ringtones (1)
- Madhav RAi (4)
- Maithili DJ Songs (5)
- Maithili Holi Songs (3)
- Maithili Movie Information (5)
- Maithili Singer
- Maithili Vivah Geet (1)
- Maithli Bhakati Song (9)
- Maithli Chutkala (12)
- Maithli Comedy (12)
- Maithli DJ Songs (7)
- Maithli Devi Geet (8)
- Maithli Movie Songs (4)
- Maithli News (8)
- Maithli Poem (15)
- Mithla News (4)
- Ram Babu Jha (6)
- Suman Saurav (12)
- Sunil Jha "Pawan" (4)
- Tourist Place (12)
- Vidiyapati Geet (4)
Artist
Showing posts with label Maithili Singer. Show all posts
मिथिला विभूति मुधर्न्य गायक सुमन सौरभक जन्म मिथिलाक दरभंगा जिलाक "मधुप नगर" कोर्थु में 9 फरवरी 1979 कें भेल छल! इ स्व० श्याम किशोर ठाकुर आ शकुन्तला देवीक कनिष्ठ बालक छथि! अदभुत प्रतिभा व्यक्तित्वक धनि छथि! गायकी के संगे-संग क्रिकेट म सेहो रूचि छनि, जाहिक कारणे कतेको बेर "मैन ऑफ़ द मैच" कें ख़िताब स्थानीय ग्रामीण प्रतियोगता सब में भेटल छनि!
Tags:- maithili Singer Suman Saurabh, maithili Devi geet singer Suman Saurabh, Suman Saurabh maithili songs, Suman Saurabh maithili devi songs, Jai kaniya Suman Saurabh, korthu, Suman Saurabh of korthu, Kothu Village, Suman Saurabh proud of korthu village(darbhanga Mithila, Devi Mahima Suman Saurabh songs, Barua Dularua Suman Saurabh, Bhagwati songs of Suman Saurabh, suman saurabh bhagwati geet
मैन ऑफ़ द मैच क पुरस्कार प्राप्त करैत सुमन सौरभ
सन 1995 में सुमन सौरभ, शास्त्रीय गायक आ कवि अम्बोध मिश्र "मगन" जी सँ गायकी विधाक शिक्षा प्राप्त केनाइ प्रारंभ केलनी ! वर्तमान में इ स्थानीय प्राथमिक विधालय, सोनहद(कोर्थु ) में अध्यापन करै छथि!
मिथिलाक इ विभूति मूलतः भगवती गीत सँ अपन झंडा गारने छथि !
हिनक प्रथम ऑडियो कैस्सेट सन 1999 में नीलम कास्सेट्स सँ देवी महिमा आयल छल, जे पूरा मिथिलांचल म धूम मचा देने छल, " छौ पुत्र बड़ बिकल माँ कोरा में तू उठा ले ....." अजय जीक लिखल अहि एल्बमक इ गीत बेस चर्चित रहल ! करीब लाखो सँ बेसी इ कैस्सेट बिकायल छल, मैथिलिक कुनो भी देवी गीतक कैस्सेट, एखेन धरि(प्राप्त जानकारीक मुताबिक) एतेक व्यवसाय नै केलक हा! जे एगो बहुत पैग उपलब्धि अछि! ओकर बाद आयल दोसर कैसेट सिनुर जाहि में जनक जीक लिखल गीत "गर्दन में छुरी लगेलये यो पपा नास केलये........" बेस चर्चित रहल छल , अहि संगे-संग हे दुर्गे मईया, देवी वन्दना, देवी माँ, देवी दर्शन, भगवती आराधना, खोलू नयन मईया, जय कनियाँ आ दुलरुआ बरुआ इ सब कैस्सेट बेस चर्चित रहल!
हिनक प्रथम ऑडियो कैस्सेट सन 1999 में नीलम कास्सेट्स सँ देवी महिमा आयल छल, जे पूरा मिथिलांचल म धूम मचा देने छल, " छौ पुत्र बड़ बिकल माँ कोरा में तू उठा ले ....." अजय जीक लिखल अहि एल्बमक इ गीत बेस चर्चित रहल ! करीब लाखो सँ बेसी इ कैस्सेट बिकायल छल, मैथिलिक कुनो भी देवी गीतक कैस्सेट, एखेन धरि(प्राप्त जानकारीक मुताबिक) एतेक व्यवसाय नै केलक हा! जे एगो बहुत पैग उपलब्धि अछि! ओकर बाद आयल दोसर कैसेट सिनुर जाहि में जनक जीक लिखल गीत "गर्दन में छुरी लगेलये यो पपा नास केलये........" बेस चर्चित रहल छल , अहि संगे-संग हे दुर्गे मईया, देवी वन्दना, देवी माँ, देवी दर्शन, भगवती आराधना, खोलू नयन मईया, जय कनियाँ आ दुलरुआ बरुआ इ सब कैस्सेट बेस चर्चित रहल!
मैथिलीक चर्चित कम्पनी नीलम, सती, स-सिरीज, भारती आ जय श्री अहि ठाम स इ गाबि चुकल छथि ! सन 2012 क फरवरी में बहुत दिनक बाद, श्रोताक विशेष मांग पर, मैथिलीक पारंपरिक मुंडन गीतक कैस्सेट बरुआ -दुलरुआ निकाल लैथ, जे बेस चर्चित रहल, पहिले कें भांति इहो कैस्सेट खूब धूम मचौलक !
आशा करै छी अपन अध्याप्नक संग माँ मैथिलीक सेवा अनवरत करैत रहता !!!
संवाद :- मनोहर कुमार झा, राजीव मिश्र
प्रस्तुति:- अपन मिथिला धाम
more about pic and information of suman saurabh coming soon...............
more about pic and information of suman saurabh coming soon...............
ई छथि मैथिलीक लोकप्रिय गायक सुरेश पंकज । मूलत: समस्तीपुरक खजुरी निवासी । अपन गायकीक विशिष्ट अन्दाज लेल चर्चित गायक सुरेश पंकजक “जमाना बदलि गेलैय”, “पाहुन”, “कोहबर घर”, “तोहरे शरणमें”, “मीता” आदि दर्जनों म्यूजिक अल्बम चर्चित रहल अछि।
57 वर्षीय सुरेश पंकज एखनो धरि खूब सक्रिय छथि आ मैथिली संगीतक क्षेत्र में अपन विशिष्ट योगदान दय रहल छथि । 5 दिसंबर 2011 के बनगांव (सहरसा) में आयोजित भव्य समारोह में लक्ष्मीनाथ स्मृति पर्व पर देल जाय बला लक्ष्मीनाथ स्वर सम्मान एहि बेर सुरेश पंकज जी के प्रदान कयल गेल अछि।
57 वर्षीय सुरेश पंकज एखनो धरि खूब सक्रिय छथि आ मैथिली संगीतक क्षेत्र में अपन विशिष्ट योगदान दय रहल छथि । 5 दिसंबर 2011 के बनगांव (सहरसा) में आयोजित भव्य समारोह में लक्ष्मीनाथ स्मृति पर्व पर देल जाय बला लक्ष्मीनाथ स्वर सम्मान एहि बेर सुरेश पंकज जी के प्रदान कयल गेल अछि।
Sabhar:- Bhaskar Jha
For more about Suresh Pankaj Login below this link
http://maithilicinema.blogspot.in/
Tags:- Maithili songs, maithili mp3 songs, maithili video songs, suresh pankaj maithili songs, maithili songs of suresh pankaj, suresh pankaj maithili mp3 songs, biography of suresh pankaj, biography of maithili singer suresh pankaj
For more about Suresh Pankaj Login below this link
http://maithilicinema.blogspot.in/
Tags:- Maithili songs, maithili mp3 songs, maithili video songs, suresh pankaj maithili songs, maithili songs of suresh pankaj, suresh pankaj maithili mp3 songs, biography of suresh pankaj, biography of maithili singer suresh pankaj
मैथिली भाषाक चर्चित गायक हेमकान्त जीक जन्म दर्भंगा जिला अन्तर्गत शुभंकरपुर ग्राम में 1949 भेल छल। हिनकर पिताक नाम स्व. सूर्यकान्त झा आर मायक नाम पूनम देवी छलनि। हिनकर बाबूजी अपना समयक नामी अधिवक्ता छलाह । हेमकान्त जी लगभग 6000 सं ज्यादा गीत गेने छथि। हिनकर पहिल कसैट एस एम सीरिज सं निकलल छल जे बाद में नीलम कसैटक नाम सं प्रसिद्ध भेल। कालान्तर में हेमकान्त जी अनेको कम्पनीक लेल गीत गेलनि जेना टी सीरिज, टीप्स,एचएमवी, नीलम। हिनकर पहिल “सनेस” छल। सनेश क्यासेट बजारमे एलाकबाद मैथिली संगीतक दुनियामे तहलका मचौने छल । दुर्भाग्यवश, हेमकान्त झाकें दरभंगामे निधन भय गेल । हुनका ब्रेनहेम्ब्रेज भेल छल ।

५० वर्षीय गायक हेमकान्त मैथिली संगीत क्षेत्रक चर्चित नाम रहथि । मामा यौ कनि खैनी दिय सन चर्चित गीतक ओ गायक रहथि । हुनक सनेश , हिमरेखा, भौजी, चल मिथिलामे चल, सौगात, कखन हरब दुखमोर, ममता, सन दर्जन सँ बेसी एलबम निकलल अछि ।
मिथिलाञ्चलक कोनो एहन मञ्च नहि छल जाहिमे ओ आमन्त्रित नहि होइत छलाह । हुनक निधनकँे बाद सम्पूर्ण मिथिलाञ्चलमे शोक व्यक्त कएल जा रहल अछि । हेमकाण्त झाकेँ निधनसँ मैथिली आन्दोलनकेँ बडका क्षति भअ गेल। हेमकान्तकेँ आधुनिक मैथिली गीतकेँ जनजनमे पहुँचाबयबला व्यक्तिकँे रुपमे जानल जाइत अछि। हेमकान्तक निधन सँ गीत संगीत क्षेत्रके बडका धक्का लागल ।

‘एतेक बडका स्टार भेलाक बादो हुनकामे कनिको अहम नहि छल’।
कहल जायत छै कि ‘रबीन्द्र महेन्द्र मैथिली गीत संगीतकें गाम गाममे पहुचौलथि तऽ हेमकान्त बजार विस्तार कएलन्हि ।’
Sabhar:- Bhaskar Jha
For more about Suresh Pankaj Login below this link
Tags:- Maithili songs, maithili mp3 songs, maithili singer,biography of maithili artist, biography of maithili singer Hemkant jha, maithili songs of Hemkant Jha, Maithili Video songs of Hemkant Jha, maithili Songs, maithili comedy
मूलत: गोड्डा जिलाक रहनिहार ज्ञानेश्वर दूबे प्रतिभा संपन्न लोकप्रिय गायक आ संगीत निर्देशक छथि जिनकर मधुर आवाज हृदय सं निकलैत अछि आ दर्शकक हृदय के आह्लादित कय दैत अछि।

पटना यूनिवर्सिटी सं साईंस आ लॉ ग्रेजुयेट ज्ञानेश्वर जी (आब सं ज्ञानू जी) के संगीतक शिक्षा अपन दादा श्री कान्तिप्रसाद दूबे जी सं प्राप्त भेल छलनि। श्री कान्तिप्रसाद दूबे अपन समयक भारतीय क्लासिकल संगीतक बड्ड पैघ विद्वान छलाह। बाद में, ज्ञानू जी पंडित प्रह्लाद मिश्रा जीक शिष्य बनि कय संगीतक शिक्षा लेलनि।प्राथमिक प्रशिक्षण केर उपरान्त , ज्ञानेश्वर दूबे जी संगीतक एक्टा अति प्रतिभाशाली व्यक्तित्व श्री मोहिन्द्रजीत सिंह, जिनका आजुक कयकटा कलाकार के स्टार बनाबक श्रेय भेटल छनि, के सान्निध्य आ प्रभाव में एलाह। ज्ञानू जी संगीत संस्थान सं सेहो जूडि गेला आ वोकल क्लासिकल संगीत में डिप्लोमा प्राप्त केलनि। हुनका के परीक्षा में प्रथम स्थान लायबक लेल गोल्ड मेडल प्रदान कयल गेल छलनि। अतबा नहिं, लखनऊ में आयोजित प्रथम इन्टरनेशनल यूथ फ़ेस्टिवल में सेहो ज्ञानू जी के सर्वोत्तम गाययक पुरस्कार देल गेल छलनि।
गजलक अपन पहिल अल्बम “जाम-पे-जाम” (टी सीरीज द्वारा रिलीज) आ “जाम-ए-गजल” (टी सीरीज) केर अभूतपूर्व सफ़लता के बाद ज्ञानेश्वर दूबे जीक नाम कम समय में ही नहिं केवल भारत वरन विदेशो में सेहो संगीत प्रेमीक बीच काफ़ी लोकप्रिय आ चर्चित भ गेलाह।
हुनकर अल्बम “ टना टन घंटी बाजय” (सीएमके म्युजिक),”पान येलइये मखान येलईये” (S.S.B.T Series), “चल चाहक दोकान में” (S.S.B.T Series), “सोलहे बरस में” (सुमित कसेट कम्पनी), “गोरकी कनिया”(अलंकार म्युजिक), “बाप रौ बाप” (INA Music) एवं “होली का हुड़दंग” (टी सीरीज) आदि सब उम्रक लोकक बीच काफ़ी लोकप्रिय भेल छल।
हुनकर भजन संग्रह में “जय बम भोले”(पीके कॉम्युनिकेशन),”चलो बुलावा शंकर जी का” (शिवा ऑडियो),” कांवर का घुंघरु बाजय” (टी सीरीज) आ “मां की महिमा”(अलंकार म्युजिक) आदि किछु चर्चित नाम अहि।
ज्ञानेश्वर जी किछु हिन्दी पॉप एलबम जेना “ ओ डार्लिंग” (टी सीरीज), “हॉट पैंट में” (इंडिया म्युजिक) आ “कमाल है धमाल है” (गौरव आर्ट इन्टरनेशनल) आदि के अपन मधुर आवाज सं सजेने छथि।

ज्ञानेश्वर दूबे जी बहुत रासे टीवी सीरियल आ फ़िल्म में सेहो गेने छथि जाहि में किछु महत्वपूर्ण नाम अहि-“ संकल्प” (हिन्दी सीरियल),”कैकयी”(हिन्दी सीरियल ), ” मृच्छकटिकम ” (संस्कृत सीरियल), आ “वासवदत्त” (संस्कृत सीरियल) आदि में पार्श्व गायनक संग संग धनपत मेहता प्रोडक्सनक हिन्दी फ़ीचर फ़िल्म “हम बच्चे हिन्दुस्तान के”, ”धारावी’ ( हिन्दी फ़ीचर फ़िल्म), टेलीफ़िल्म “ लाईलाज”, डी मेहता प्रोडक्सनक हिन्दी फ़िल्म “करोड़ों में एक”, भाग्यश्री आ हिमालय द्वारा अभिनित फ़िल्म “पायल”, फ़िल्म ‘कातिल कौन” एवं मोहिन्दरजीत सिंह द्वारा संगीतबद्ध हिन्दी फ़िल्म “गैरतमंद” आदि ।
ज्ञानेश्वर जी गीत गायनक अलावा हिन्दी आ मैथिली फ़िल्मक लेल संगीत निर्देशकक भूमिका सेही निभौने छथि। हिन्दी फ़िल्म “ तुझको पुकारे” (बलवंत शास्त्रीक), मैथिली फ़िल्म “ आउ पिया हमर नगरी”, “कखन हरब दुख मोर”, “घुईर के आओत बसंत” आ “सेनुरिया” आदि में हिनकर संगीत आ गायन श्रवणीय अछि। आइयो लोक “कखन हरब दुख मोर” में हिनका द्वारा गावल विद्यापतिक गीत बड चाव सं सुनैत अछि आ मॉने मॉन आह्लादित होयत छथि।
हिनकर नवीनतम हिन्दी भक्ति एलबम “ये मिथिला प्रदेश” छनि। वर्तमान समय में ज्ञानू जी एकटा आर मैथिली फ़िल्म “ बाबू जी” में संगीत दय रहल छथि।- भास्कर झा

पटना यूनिवर्सिटी सं साईंस आ लॉ ग्रेजुयेट ज्ञानेश्वर जी (आब सं ज्ञानू जी) के संगीतक शिक्षा अपन दादा श्री कान्तिप्रसाद दूबे जी सं प्राप्त भेल छलनि। श्री कान्तिप्रसाद दूबे अपन समयक भारतीय क्लासिकल संगीतक बड्ड पैघ विद्वान छलाह। बाद में, ज्ञानू जी पंडित प्रह्लाद मिश्रा जीक शिष्य बनि कय संगीतक शिक्षा लेलनि।प्राथमिक प्रशिक्षण केर उपरान्त , ज्ञानेश्वर दूबे जी संगीतक एक्टा अति प्रतिभाशाली व्यक्तित्व श्री मोहिन्द्रजीत सिंह, जिनका आजुक कयकटा कलाकार के स्टार बनाबक श्रेय भेटल छनि, के सान्निध्य आ प्रभाव में एलाह। ज्ञानू जी संगीत संस्थान सं सेहो जूडि गेला आ वोकल क्लासिकल संगीत में डिप्लोमा प्राप्त केलनि। हुनका के परीक्षा में प्रथम स्थान लायबक लेल गोल्ड मेडल प्रदान कयल गेल छलनि। अतबा नहिं, लखनऊ में आयोजित प्रथम इन्टरनेशनल यूथ फ़ेस्टिवल में सेहो ज्ञानू जी के सर्वोत्तम गाययक पुरस्कार देल गेल छलनि।
| दक्षिण अफ़िका के डरबन स्थित सीटी हॉल में गायन । संग में छनि गायिका पत्नी विभा दूबे |
गजलक अपन पहिल अल्बम “जाम-पे-जाम” (टी सीरीज द्वारा रिलीज) आ “जाम-ए-गजल” (टी सीरीज) केर अभूतपूर्व सफ़लता के बाद ज्ञानेश्वर दूबे जीक नाम कम समय में ही नहिं केवल भारत वरन विदेशो में सेहो संगीत प्रेमीक बीच काफ़ी लोकप्रिय आ चर्चित भ गेलाह।
हुनकर अल्बम “ टना टन घंटी बाजय” (सीएमके म्युजिक),”पान येलइये मखान येलईये” (S.S.B.T Series), “चल चाहक दोकान में” (S.S.B.T Series), “सोलहे बरस में” (सुमित कसेट कम्पनी), “गोरकी कनिया”(अलंकार म्युजिक), “बाप रौ बाप” (INA Music) एवं “होली का हुड़दंग” (टी सीरीज) आदि सब उम्रक लोकक बीच काफ़ी लोकप्रिय भेल छल।ज्ञानेश्वर जी किछु हिन्दी पॉप एलबम जेना “ ओ डार्लिंग” (टी सीरीज), “हॉट पैंट में” (इंडिया म्युजिक) आ “कमाल है धमाल है” (गौरव आर्ट इन्टरनेशनल) आदि के अपन मधुर आवाज सं सजेने छथि।

ज्ञानेश्वर दूबे जी बहुत रासे टीवी सीरियल आ फ़िल्म में सेहो गेने छथि जाहि में किछु महत्वपूर्ण नाम अहि-“ संकल्प” (हिन्दी सीरियल),”कैकयी”(हिन्दी सीरियल ), ” मृच्छकटिकम ” (संस्कृत सीरियल), आ “वासवदत्त” (संस्कृत सीरियल) आदि में पार्श्व गायनक संग संग धनपत मेहता प्रोडक्सनक हिन्दी फ़ीचर फ़िल्म “हम बच्चे हिन्दुस्तान के”, ”धारावी’ ( हिन्दी फ़ीचर फ़िल्म), टेलीफ़िल्म “ लाईलाज”, डी मेहता प्रोडक्सनक हिन्दी फ़िल्म “करोड़ों में एक”, भाग्यश्री आ हिमालय द्वारा अभिनित फ़िल्म “पायल”, फ़िल्म ‘कातिल कौन” एवं मोहिन्दरजीत सिंह द्वारा संगीतबद्ध हिन्दी फ़िल्म “गैरतमंद” आदि ।
ज्ञानेश्वर जी गीत गायनक अलावा हिन्दी आ मैथिली फ़िल्मक लेल संगीत निर्देशकक भूमिका सेही निभौने छथि। हिन्दी फ़िल्म “ तुझको पुकारे” (बलवंत शास्त्रीक), मैथिली फ़िल्म “ आउ पिया हमर नगरी”, “कखन हरब दुख मोर”, “घुईर के आओत बसंत” आ “सेनुरिया” आदि में हिनकर संगीत आ गायन श्रवणीय अछि। आइयो लोक “कखन हरब दुख मोर” में हिनका द्वारा गावल विद्यापतिक गीत बड चाव सं सुनैत अछि आ मॉने मॉन आह्लादित होयत छथि।
हिनकर नवीनतम हिन्दी भक्ति एलबम “ये मिथिला प्रदेश” छनि। वर्तमान समय में ज्ञानू जी एकटा आर मैथिली फ़िल्म “ बाबू जी” में संगीत दय रहल छथि।- भास्कर झा
More More Information of Maithili Movie Plz Login below
http://maithilicinema.blogspot.com/
---------------------------------------
ज्ञानेश्वर दूबे जीक किछु गीत
1. टना टन घंटी बाजय
2. दुमका में झुमका
3. हे गे भगजोगनी
tags:- gyaneshwar dubey,maithili singer gyaneshwar dubey, gyaneshwar dubey maithili songs, gyaneshwar dubey hindi songs, gyaneshwar dubey hindi movie
---------------------------------------
ज्ञानेश्वर दूबे जीक किछु गीत
1. टना टन घंटी बाजय
2. दुमका में झुमका
3. हे गे भगजोगनी
tags:- gyaneshwar dubey,maithili singer gyaneshwar dubey, gyaneshwar dubey maithili songs, gyaneshwar dubey hindi songs, gyaneshwar dubey hindi movie
Ansu Mala Jha with APJ Abdul Kalam
अंशु माला झा बहुचर्चित बहुमुखी प्रतिभाशाली गायिकाक नाम थिक । मूलत: मधुबनी जिला अन्तर्गक कलुआहीक ढंगा पश्चिम ग्रामक रहनिहार अंशु माला एक किसान परिवार सं संबंध रखैत छथि। अपन गाम सं बचपने सं जुड़ल अंशुमालाक प्रारंभिक शिक्षा दीक्षा पटना में भेलनि आ पटना के ही अपन कर्मभूमि बनौलनि । पटना सं ग्रेजुएशन केला के बाद आगुक पढाई लिखाई के लेल ई दिल्ली चलि एली । दिल्ली विश्वविद्यालय के मिरान्डा हाउस कॉलेज सं एम ए, एम फ़िल केला के बाद ऎखन अंशुमाला अहि ठाम सं हिन्दुस्तानी क्लासिकल आ विद्यापति संगीत में पीएचडी कय रहल छथिन। बिहार कें तत्कालीन राज्यपाल डॉ ए .आर किद्बई स प्रथम पुरस्कार प्राप्त करैत
अंशु माला के बचपने सं संगीतक प्रति विशेष रुझान आ लगाव रहनि । परिणामत: ई कक्षा प्रथम सं ही अपन स्कूल तरफ़ सं रंगमंच पर अपन मधुर गायनक प्रदर्शन कर लगली। हिनकर आकर्षक आ सुन्दर प्रदर्शन के देखैत अंशु माला के बिहारक तत्कालीन मुख्यमंत्री श्री लालू प्रसाद केर हाथ सं पहिल पुरस्कार भेटल छल। पुरस्कार प्राप्त कय अंशु माला आरो प्रोत्साहित भय गेली। अपन माता पिता के से हो संगीत सं विशेष लगावअक कारण हिनका हुनका सब सं बहुते सहयोग भेटलनि। मैथिली लोक संगीत आ संगीतक क्षेत्र में हिनकर पहिल “गुरु” अंशु मालाक मां श्रीमती शशि किरण झा छथिन । हुनका बाद अंशु माला श्री हॄदय नारायण झा सं से हो लोकगीतक शिक्षा प्राप्त केने छथि।
राष्ट्रपति डॉ एपीजे अब्दुल कलाम स आशीर्वाद लैत
अंशु मालाक सोगीत जीवन में स्कूलक संगीत शिक्षिका श्रीमती उषा चौधरीकप्रेरणा बड पैघ आ महत्वपूर्ण भूमिका छनि । श्रीमती उषा चौधरी द्वारा प्रेरित केला पर ही अंशु माला अपन क्लासिकल संगीतक शिक्षा के आगा बढौने रहथि । बाद में अंशु माला कतेको संगीत गुरु सं शिक्षा ग्रहण केलि जाहि में पंडित देवानन्द ठाकुर, श्री गौतम बनर्जी, प्रो डॉ नीरा चौधरी किछु विशेष नाम अहि। दिल्ली अयला पर अंशु माला पंडित राजन साजन मिश्रा सं से हो संगीतक गूढ तत्व सिखली। दिल्ली कें श्री राम सेंटर में गायन करैत अंशु माला
अशु माला अपन आदर्श अश्विनी भिड़े देशपाण्डे के मानैत छथि जिनका सं बहुत किछु सीखलनि। मैथिली लोक संगीत में प्रशिक्षण के लेल संस्कृति मंत्रालय , भारत सरकार द्वारा हिनका चात्रवृति प्रादान कयल गेल अछि। प्रयाग संगीत समिति , इलाहाबाद सं 2001 में “प्रभाकर” डिग्री लेलनि। भारत के लगभग 24 राज्य में अंशु माला जी द्वारा अनेको बेर संगीतक प्रस्तुतीकरण कयल गेल अछि आएखन धरि आकाशवाणी (ऑल इन्डिया रेडियो ) में गजल आ लोक संगीतक नियमित कलाकारक रुप में जुड़ल छथि। विद्यापति पर्व समारोह में अनेको ठाम अपन गायनक सुन्दरतम प्रस्तुतीकरण केने छथि आ कय रहल छथि। अखिल भारतीय 9 वां राष्ट्रीय युवा पर्व/समारोह में बिहार सं क्लासिकल गीत में प्रथम पुरस्कार भेटल छलैन। अहि में अंशु माला बिहार राज्य के प्रतिनिधित्व केने रहथि। आकाशवाणी में कतेको फ़ीचर में बिहारक प्रतिनिधि रहथि। लद्दाख में आयोजित “सिंधु दर्शन” में से हो बिहार संस्कृतिक प्रतिनिधित्व केने छथि । डीडी भारती, डीडी नेशनल, महुआ टीवी, ईटीवी, सहारा समय, न्यूज 24 में अपन गायन कय चुकल छथि। दिल्ली विश्वविद्यालय में 2005-2006 में इन्टर कॉलेज प्रतियोगिता में क्लासिकल गायन लेल श्रीमती प्रधानमंत्री गुरुशरण कौर आर दिल्ली विश्वविद्यालय के वाइस चांसलर प्रो दीपक पेंटल के हाथ सं प्रथम पुरस्कार प्राप्त केनाय अंशु मालाक बड़ पैघ उपलब्धि अछि ।अंशु मालाक एल्बम – प्रिय पाहुन, मैथिली विवाह गीतक सीडी मिथिलांचल में हिनकर सुमधुर गायनक लेल बहुत लोकप्रिय मानल जायत अछि। मैथिली फ़ीचर फ़िल्म “सीतायण में गायन” में हिनकर गायन मधुर स्वर मनमोहक अछि!आहिके अतिरिक्त, अंशु माला एखन नवका प्रोजेक्ट पर काज कय रहल छथि।
रिपोर्ट- भास्कर झा , मैथिलि सिनेमा डेस्क
अंशु माला झा बहुचर्चित बहुमुखी प्रतिभाशाली गायिकाक नाम थिक । मूलत: मधुबनी जिला अन्तर्गक कलुआहीक ढंगा पश्चिम ग्रामक रहनिहार अंशु माला एक किसान परिवार सं संबंध रखैत छथि। अपन गाम सं बचपने सं जुड़ल अंशुमालाक प्रारंभिक शिक्षा दीक्षा पटना में भेलनि आ पटना के ही अपन कर्मभूमि बनौलनि । पटना सं ग्रेजुएशन केला के बाद आगुक पढाई लिखाई के लेल ई दिल्ली चलि एली । दिल्ली विश्वविद्यालय के मिरान्डा हाउस कॉलेज सं एम ए, एम फ़िल केला के बाद ऎखन अंशुमाला अहि ठाम सं हिन्दुस्तानी क्लासिकल आ विद्यापति संगीत में पीएचडी कय रहल छथिन। बिहार कें तत्कालीन राज्यपाल डॉ ए .आर किद्बई स प्रथम पुरस्कार प्राप्त करैत
अंशु माला के बचपने सं संगीतक प्रति विशेष रुझान आ लगाव रहनि । परिणामत: ई कक्षा प्रथम सं ही अपन स्कूल तरफ़ सं रंगमंच पर अपन मधुर गायनक प्रदर्शन कर लगली। हिनकर आकर्षक आ सुन्दर प्रदर्शन के देखैत अंशु माला के बिहारक तत्कालीन मुख्यमंत्री श्री लालू प्रसाद केर हाथ सं पहिल पुरस्कार भेटल छल। पुरस्कार प्राप्त कय अंशु माला आरो प्रोत्साहित भय गेली। अपन माता पिता के से हो संगीत सं विशेष लगावअक कारण हिनका हुनका सब सं बहुते सहयोग भेटलनि। मैथिली लोक संगीत आ संगीतक क्षेत्र में हिनकर पहिल “गुरु” अंशु मालाक मां श्रीमती शशि किरण झा छथिन । हुनका बाद अंशु माला श्री हॄदय नारायण झा सं से हो लोकगीतक शिक्षा प्राप्त केने छथि।
राष्ट्रपति डॉ एपीजे अब्दुल कलाम स आशीर्वाद लैत
अंशु मालाक सोगीत जीवन में स्कूलक संगीत शिक्षिका श्रीमती उषा चौधरीकप्रेरणा बड पैघ आ महत्वपूर्ण भूमिका छनि । श्रीमती उषा चौधरी द्वारा प्रेरित केला पर ही अंशु माला अपन क्लासिकल संगीतक शिक्षा के आगा बढौने रहथि । बाद में अंशु माला कतेको संगीत गुरु सं शिक्षा ग्रहण केलि जाहि में पंडित देवानन्द ठाकुर, श्री गौतम बनर्जी, प्रो डॉ नीरा चौधरी किछु विशेष नाम अहि। दिल्ली अयला पर अंशु माला पंडित राजन साजन मिश्रा सं से हो संगीतक गूढ तत्व सिखली। दिल्ली कें श्री राम सेंटर में गायन करैत अंशु माला
अशु माला अपन आदर्श अश्विनी भिड़े देशपाण्डे के मानैत छथि जिनका सं बहुत किछु सीखलनि। मैथिली लोक संगीत में प्रशिक्षण के लेल संस्कृति मंत्रालय , भारत सरकार द्वारा हिनका चात्रवृति प्रादान कयल गेल अछि। प्रयाग संगीत समिति , इलाहाबाद सं 2001 में “प्रभाकर” डिग्री लेलनि। भारत के लगभग 24 राज्य में अंशु माला जी द्वारा अनेको बेर संगीतक प्रस्तुतीकरण कयल गेल अछि आएखन धरि आकाशवाणी (ऑल इन्डिया रेडियो ) में गजल आ लोक संगीतक नियमित कलाकारक रुप में जुड़ल छथि। विद्यापति पर्व समारोह में अनेको ठाम अपन गायनक सुन्दरतम प्रस्तुतीकरण केने छथि आ कय रहल छथि। अखिल भारतीय 9 वां राष्ट्रीय युवा पर्व/समारोह में बिहार सं क्लासिकल गीत में प्रथम पुरस्कार भेटल छलैन। अहि में अंशु माला बिहार राज्य के प्रतिनिधित्व केने रहथि। आकाशवाणी में कतेको फ़ीचर में बिहारक प्रतिनिधि रहथि। लद्दाख में आयोजित “सिंधु दर्शन” में से हो बिहार संस्कृतिक प्रतिनिधित्व केने छथि । डीडी भारती, डीडी नेशनल, महुआ टीवी, ईटीवी, सहारा समय, न्यूज 24 में अपन गायन कय चुकल छथि। दिल्ली विश्वविद्यालय में 2005-2006 में इन्टर कॉलेज प्रतियोगिता में क्लासिकल गायन लेल श्रीमती प्रधानमंत्री गुरुशरण कौर आर दिल्ली विश्वविद्यालय के वाइस चांसलर प्रो दीपक पेंटल के हाथ सं प्रथम पुरस्कार प्राप्त केनाय अंशु मालाक बड़ पैघ उपलब्धि अछि ।अंशु मालाक एल्बम – प्रिय पाहुन, मैथिली विवाह गीतक सीडी मिथिलांचल में हिनकर सुमधुर गायनक लेल बहुत लोकप्रिय मानल जायत अछि। मैथिली फ़ीचर फ़िल्म “सीतायण में गायन” में हिनकर गायन मधुर स्वर मनमोहक अछि!आहिके अतिरिक्त, अंशु माला एखन नवका प्रोजेक्ट पर काज कय रहल छथि।
रिपोर्ट- भास्कर झा , मैथिलि सिनेमा डेस्क
Total Pageviews
Popular Posts
-
MAITHLI SONGS: MAITHLI THUMKA
-
Janakpur:- A Tourist Place of Mithila(Nepal)
-
MAITHLI RINGTONES
-
Pokhram:-कुषाणवंशक लक्ष्मी नारायण मंदिर बढ़ा रहल अछि मिथिलाक महिमा !!!
-
MAITHILI KAVI-KOKIL:- VIDYAPATI(जीवन परिचय )
-
MAITHLI SONGS: MAITHLI BHAKATI BHAJAN
-
MADHAV RAI: MAITHLI SONGS
-
Maithili DJ Songs By Madhav Rai
-
RAM BABU JHA: MAITHLI SONGS
-
Maithili Chhath Songs:- Chhathi Maya


.jpg)
























